rajbhasha aur rashtrabhasha main antar

Top afd

rajbhasha aur rashtrabhasha main antar

राजभाषा और राष्ट्रभाषा के बीच अंतर (rajbhasha aur rashtrabhasha  main antar) class 10th/12th

भारत की राष्ट्रभाषा हिंदी है।   , राष्ट्रभाषा राजभाषा और संपर्क भाषा के रूप में हिंदी, राजभाषा और राष्ट्रभाषा के बीच अंतर, राष्ट्रीय भाषा कितनी है?, राजभाषा कौन सी है?, राष्ट्रभाषा का अर्थ क्या है?, भारत की राष्ट्रीय भाषा कौन सी?, भारत की राष्ट्र भाषा क्या है, राष्ट्रभाषा का दर्जा पाने वाली पहली भाषा कौन सी है?,


राष्ट्र भाषा


राष्ट्रीय स्तर पर स्वीकार एवं विभिन्न राज्यों के लोगों द्वारा अपनाई जाने वाली समृद्ध भाषा राष्ट्र भाषा कहलाती है।भारत की राष्ट्रभाषा हिंदी है। 

      इसमें राष्ट्र  की संस्कृति साहित्य एवं ऐतिहासिक तथ्यों का समावेश होता है यह राष्ट्रीय की संपर्क भाषा के रूप में स्वीकार होती है।


विशेषताएं


राष्ट्रभाषा संपूर्ण राष्ट्र की संपर्क भाषा होती है तथा इसका प्रभाव संपूर्ण राष्ट्र में व्यापक होता है।

इसका साहित्यिक समृद्धि एवं व्यापक होता है।

यह बहुसंख्यक लोगों द्वारा बोली जाती है।

राष्ट्रभाषा शिक्षा के विकास में सहायक होती है।


राष्ट्रभाषा और राजभाषा में अंतर


राष्ट्रभाषा


संविधान द्वारा स्वीकृत पूरे राष्ट्र की स्वीकृत भाषाओं को राष्ट्रभाषा कहते हैं।


राष्ट्रभाषा का प्रशासनिक उपयोग भी राजभाषा से उपयोग अधिक है।


राष्ट्रभाषा का क्षेत्र विस्तृत होता है ।

राष्ट्रभाषा के प्रति जनता का सम्मान जुड़ा होता है।

राष्ट्रभाषा अनौपचारिक होती है।


राजभाषा

सरकारी कामकाज में प्रचलित भाषा राजभाषा कहलाती है।

राजभाषा किसी एक या अधिक राज्य तक ही सीमित रहती है ।

राजभाषा का क्षेत्र सीमित होता है।

राजभाषा औपचारिक होती है।

राष्ट्रीय भाषा कितनी है?



वर्तमान में अभी 22 अधिकारिक भाषा है।


राजभाषा कौन सी है?


भारत की राजभाषा हिंदी है ।


भारत की राष्ट्रीय भाषा कौन सी?

भारत की राष्ट्रभाषा हिंदी है ।


राष्ट्रभाषा का दर्जा पाने वाली पहली भाषा कौन सी है?




हिंदी को राज्य भाषा का दर्जा कब मिला



हिंदी भारत में सबसे ज्यादा बोले जाने वाली भाषा है और ऐसे राज्य भाषा का दर्जा प्राप्त है। 24 सितंबर 1949 को संविधान सभा में हिंदी को राजभाषा का दर्जा दिया गया था।हिंदी के महत्व को बताने और इसके प्रचार-प्रसार के लिए राष्ट्रभाषा प्रचार समिति के अनुरोध पर 1953 से प्रतिवर्ष 14 सितंबर को हिंदी दिवस के तौर पर मनाया जाता है।



विभाषा की की विशेषताएं

विभाषा का क्षेत्र बोली से अधिक व्यापक होता है परंतु भाषा से कम व्यापक होता है।

यह किसी प्रदेश के बड़े हिस्सों में सामाजिक व्यवहार या साहित्य में प्रयोग की जाती है।

इसे को भाषा भी कहा जाता है ।

10 Post a Comment

और नया पुराने